Shalom Haverim · Aliyot
פָּרָשַׁת הַאֲזִינוּ

Ha'azinu · Devarim 32 — हिन्दी

⚠ Norma R&C: इस सत्र का नया हिन्दी अनुवाद (परंपरा: "सनातन", ईश्वर के शाश्वत नाम हेतु); देवनागरी लिप्यंतरण पहले से मान्य सेफ़र्दी लैटिन आधार से ध्वन्यात्मक रूप से निकाला गया है। अंतिम प्रकाशन से पहले मानव समीक्षा की प्रतीक्षा में।

Torá · Devarim 32:1–52

— अलिया 1 · Devarim 32:1–6 —

#עבריתलिप्यंतरणहिन्दी
32:1 הַאֲזִ֥ינוּ הַשָּׁמַ֖יִם וַאֲדַבֵּ֑רָה וְתִשְׁמַ֥ע הָאָ֖רֶץ אִמְרֵי־פִֽי׃ हअज़िनु हशमइम वअदबेरह वेतिश्म हअरेत्स इम्रे-फि हे आकाश, कान लगाओ, और मैं बोलूँगा; और पृथ्वी मेरे मुख के वचन सुने।
32:2 יַעֲרֹ֤ף כַּמָּטָר֙ לִקְחִ֔י תִּזַּ֥ל כַּטַּ֖ל אִמְרָתִ֑י כִּשְׂעִירִ֣ם עֲלֵי־דֶ֔שֶׁא וְכִרְבִיבִ֖ים עֲלֵי־עֵֽשֶׂב׃ अअरोफ कमतर लिक्खि तिज़ल कतल इम्रति किसिरिम अले-देशे वेखिर्विविम अले-एसेव मेरी शिक्षा वर्षा के समान टपके, मेरी वाणी ओस के समान बहे, जैसे कोमल घास पर हल्की वर्षा, और जैसे वनस्पति पर बौछार।
32:3 כִּ֛י שֵׁ֥ם יְהוָ֖ה אֶקְרָ֑א הָב֥וּ גֹ֖דֶל לֵאלֹהֵֽינוּ׃ कि शेम अदोन एक्र हवु गोदेल लेएलोहेनु क्योंकि मैं सनातन का नाम प्रचार करूँगा; हमारे परमेश्वर की महिमा करो।
32:4 הַצּוּר֙ תָּמִ֣ים פָּעֳל֔וֹ כִּ֥י כָל־דְּרָכָ֖יו מִשְׁפָּ֑ט אֵ֤ל אֱמוּנָה֙ וְאֵ֣ין עָ֔וֶל צַדִּ֥יק וְיָשָׁ֖ר הֽוּא׃ हत्सुर तमिम पओलो कि खोल-द्रखव मिश्पत एल एमुनह वेएन अवेल त्सदिक वेअशर हु वह चट्टान, उसका कार्य सिद्ध है, क्योंकि उसके सब मार्ग न्याय हैं; विश्वासयोग्य परमेश्वर, बिना अन्याय के, वह न्यायी और सीधा है।
32:5 שִׁחֵ֥ת ל֛וֹ לֹ֖א בָּנָ֣יו מוּמָ֑ם דּ֥וֹר עִקֵּ֖שׁ וּפְתַלְתֹּֽל׃ शिखेत लो लो बनव मुमम दोर इकेश उफ्तल्तोल भ्रष्टता उसकी नहीं है; दोष उसकी संतान का है, एक कुटिल और टेढ़ी पीढ़ी।
32:6 הֲ־לַיְהוָה֙ תִּגְמְלוּ־זֹ֔את עַ֥ם נָבָ֖ל וְלֹ֣א חָכָ֑ם הֲלוֹא־הוּא֙ אָבִ֣יךָ קָּנֶ֔ךָ ה֥וּא עָֽשְׂךָ֖ וַֽיְכֹנְנֶֽךָ׃ ह लेअदोन तिग्मेलु-ज़ोत अम नवल वेलो खखम हलो-हु अविख कनेख हु अस्ख वएखोनेनेख क्या तुम सनातन को इस प्रकार बदला देते हो, हे मूर्ख और निर्बुद्धि लोगों? क्या वह तुम्हारा पिता नहीं जिसने तुम्हें प्राप्त किया? उसी ने तुम्हें बनाया और स्थापित किया।

— अलिया 2 · Devarim 32:7–12 —

#עבריתलिप्यंतरणहिन्दी
32:7 זְכֹר֙ יְמ֣וֹת עוֹלָ֔ם בִּ֖ינוּ שְׁנ֣וֹת דּוֹר־וָד֑וֹר שְׁאַ֤ל אָבִ֨יךָ֙ וְיַגֵּ֔דְךָ זְקֵנֶ֖יךָ וְיֹ֥אמְרוּ לָֽךְ׃ ज़ेखोर एमोत ओलम बिनु श्नोत दोर-वदोर शेअल अविख वेअगेद्ख ज़ेकेनेख वेओम्रु लख प्राचीन दिनों को स्मरण करो, अनेक पीढ़ियों के वर्षों पर विचार करो; अपने पिता से पूछो, वह तुम्हें बताएगा, अपने बुज़ुर्गों से, वे तुम्हें कहेंगे।
32:8 בְּהַנְחֵ֤ל עֶלְיוֹן֙ גּוֹיִ֔ם בְּהַפְרִיד֖וֹ בְּנֵ֣י אָדָ֑ם יַצֵּב֙ גְּבֻלֹ֣ת עַמִּ֔ים לְמִסְפַּ֖ר בְּנֵ֥י יִשְׂרָאֵֽל׃ बेहन्खेल एलोन गोइम बेहफ्रिदो बेने अदम अत्सेव ग्वुलोत अमिम लेमिस्पर बेने इस्रएल जब परमप्रधान ने जातियों को उनका उत्तराधिकार बाँटा, जब उसने मनुष्यों की संतान को अलग किया, तब उसने इस्राएल की संतान की संख्या के अनुसार लोगों की सीमाएँ स्थापित कीं।
32:9 כִּ֛י חֵ֥לֶק יְהֹוָ֖ה עַמּ֑וֹ יַעֲקֹ֖ב חֶ֥בֶל נַחֲלָתֽוֹ׃ कि खेलेक अदोन अमो अअकोव खेवेल नखलतो क्योंकि सनातन का भाग उसकी प्रजा है; याकूब उसके उत्तराधिकार का अंश है।
32:10 יִמְצָאֵ֨הוּ֙ בְּאֶ֣רֶץ מִדְבָּ֔ר וּבְתֹ֖הוּ יְלֵ֣ל יְשִׁמֹ֑ן יְסֹֽבְבֶ֨נְהוּ֙ יְב֣וֹנְנֵ֔הוּ יִצְּרֶ֖נְהוּ כְּאִישׁ֥וֹן עֵינֽוֹ׃ इम्त्सएहु बेएरेत्स मिद्बर उवेतोहु एलेल एशिमोन एसोवेवेन्हु एवोनेनेहु इत्स्रेन्हु केइशोन एनो उसने उसे एक निर्जन भूमि में, और हाहाकार से भरे उजाड़ स्थान में पाया; उसने उसे घेरा, उसकी देखभाल की, उसे अपनी आँख की पुतली के समान सुरक्षित रखा।
32:11 כְּנֶ֨שֶׁר֙ יָעִ֣יר קִנּ֔וֹ עַל־גּוֹזָלָ֖יו יְרַחֵ֑ף יִפְרֹ֤שׂ כְּנָפָיו֙ יִקָּחֵ֔הוּ יִשָּׂאֵ֖הוּ עַל־אֶבְרָתֽוֹ׃ केनेशेर अइर किनो अल-गोज़लव एरखेफ इफ्रोस क्नफव इकखेहु इसएहु अल-एव्रतो जैसे उकाब अपने घोंसले को जगाता है, अपने बच्चों के ऊपर मँडराता है, अपने पंख फैलाता है, उन्हें उठाता है, उन्हें अपने पंखों पर ढोता है।
32:12 יְהוָ֖ה בָּדָ֣ד יַנְחֶ֑נּוּ וְאֵ֥ין עִמּ֖וֹ אֵ֥ל נֵכָֽר׃ अदोन बदद अन्खेनु वेएन इमो एल नेखर सनातन ने अकेले ही उसे मार्गदर्शन दिया, और उसके साथ कोई पराया देवता नहीं था।

— अलिया 3 · Devarim 32:13–18 —

#עבריתलिप्यंतरणहिन्दी
32:13 יַרְכִּבֵ֨הוּ֙ עַל־בָּ֣מֳתֵי אָ֔רֶץ וַיֹּאכַ֖ל תְּנוּבֹ֣ת שָׂדָ֑י וַיֵּנִקֵ֤הֽוּ דְבַשׁ֙ מִסֶּ֔לַע וְשֶׁ֖מֶן מֵחַלְמִ֥ישׁ צֽוּר׃ अर्किवेहु अल-बमोते अरेत्स वओखल तेनुवोत सद वएनिकेहु देवश मिसेल वेशेमेन मेखल्मिश त्सुर उसने उसे पृथ्वी की ऊँचाइयों पर सवार कराया, और उसने खेत की उपज खाई; और उसने उसे चट्टान से मधु, और कठोर चकमक पत्थर से तेल चुसाया;
32:14 חֶמְאַ֨ת בָּקָ֜ר וַחֲלֵ֣ב צֹ֗אן עִם־חֵ֨לֶב כָּרִ֜ים וְאֵילִ֤ים בְּנֵֽי־בָשָׁן֙ וְעַתּוּדִ֔ים עִם־חֵ֖לֶב כִּלְי֣וֹת חִטָּ֑ה וְדַם־עֵנָ֖ב תִּשְׁתֶּה־חָֽמֶר׃ खेमत बकर वखलेव त्सोन इम-खेलेव करिम वेएलिम बेने-वशन वेअतुदिम इम-खेलेव किलोत खित वेदम-एनव तिश्तेह-खमेर गायों का मक्खन और भेड़ों का दूध, बाशान के मेमनों और मेढ़ों की चर्बी के साथ, और बकरों को, गेहूँ के उत्तम भाग के साथ; और अंगूर के रस से तुमने झागदार दाखमधु पिया।
32:15 וַיִּשְׁמַ֤ן יְשֻׁרוּן֙ וַיִּבְעָ֔ט שָׁמַ֖נְתָּ עָבִ֣יתָ כָּשִׂ֑יתָ וַיִּטֹּשׁ֙ אֱל֣וֹהַ עָשָׂ֔הוּ וַיְנַבֵּ֖ל צ֥וּר יְשֻׁעָתֽוֹ׃ वइश्मन एशुरुन वइवत शमन्त अवित कसित वइतोश एलोअह असहु वएनबेल त्सुर एशुअतो परन्तु यशूरून मोटा हो गया, और लात मारने लगा — तू मोटा हो गया, स्थूल हो गया, चर्बी से ढक गया — और उसने उस परमेश्वर को त्याग दिया जिसने उसे बनाया, और अपने उद्धार की चट्टान को तुच्छ जाना।
32:16 יַקְנִאֻ֖הוּ בְּזָרִ֑ים בְּתוֹעֵבֹ֖ת יַכְעִיסֻֽהוּ׃ अक्निउहु बेज़रिम बेतोएवोत अखिसुहु उन्होंने पराए देवताओं से उसे डाह दिलाई; घृणित कामों से उसे क्रोधित किया।
32:17 יִזְבְּח֗וּ לַשֵּׁדִים֙ לֹ֣א אֱלֹ֔הַ אֱלֹהִ֖ים לֹ֣א יְדָע֑וּם חֲדָשִׁים֙ מִקָּרֹ֣ב בָּ֔אוּ לֹ֥א שְׂעָר֖וּם אֲבֹתֵיכֶֽם׃ इज़्बेखु लशेदिम लो एलोअह एलोहिम लो एदउम खदशिम मिकरोव बउ लो सेअरुम अवोतेखेम उन्होंने भूत-प्रेतों को बलि चढ़ाई, जो परमेश्वर नहीं हैं; ऐसे देवताओं को जिन्हें वे नहीं जानते थे, नए, हाल ही में आए हुए, जिनसे तुम्हारे पूर्वज नहीं डरते थे।
32:18 צ֥וּר יְלָדְךָ֖ תֶּ֑שִׁי וַתִּשְׁכַּ֖ח אֵ֥ל מְחֹלְלֶֽךָ׃ त्सुर एलद्ख तेशि वतिश्कख एल मेखोलेलेख जिस चट्टान ने तुझे जन्म दिया उसे तू भूल गया, और उस परमेश्वर को भूल गया जिसने तुझे उत्पन्न किया।

— अलिया 4 · Devarim 32:19–28 —

#עבריתलिप्यंतरणहिन्दी
32:19 וַיַּ֥רְא יְהוָ֖ה וַיִּנְאָ֑ץ מִכַּ֥עַס בָּנָ֖יו וּבְנֹתָֽיו׃ वअर अदोन वइनत्स मिकअस बनव उवेनोतव और सनातन ने देखा, और उन्हें त्याग दिया, अपने पुत्रों और पुत्रियों के क्रोध दिलाने के कारण।
32:20 וַיֹּ֗אמֶר אַסְתִּ֤ירָה פָנַי֙ מֵהֶ֔ם אֶרְאֶ֖ה מָ֣ה אַחֲרִיתָ֑ם כִּ֣י ד֤וֹר תַּהְפֻּכֹת֙ הֵ֔מָּה בָּנִ֖ים לֹא־אֵמֻ֥ן בָּֽם׃ वओमेर अस्तिर फन मेहेम एरेह मह अखरितम कि दोर तह्पुखोत हेमह बनिम लो-एमुन बम और उसने कहा: मैं उनसे अपना मुख छिपाऊँगा, देखूँगा कि उनका अंत क्या होगा; क्योंकि वे कुटिल पीढ़ी हैं, ऐसी संतान जिनमें विश्वासयोग्यता नहीं है।
32:21 הֵ֚ם קִנְא֣וּנִי בְלֹא־אֵ֔ל כִּעֲס֖וּנִי בְּהַבְלֵיהֶ֑ם וַאֲנִי֙ אַקְנִיאֵ֣ם בְּלֹא־עָ֔ם בְּג֥וֹי נָבָ֖ל אַכְעִיסֵֽם׃ हेम किनुनि वेलो-एल किअसुनि बेहव्लेहेम वअनि अक्निएएम बेलो-अम बेगो नवल अखिसेम उन्होंने मुझे उस वस्तु से डाह दिलाई जो परमेश्वर नहीं है, उन्होंने अपनी व्यर्थताओं से मुझे क्रोधित किया; और मैं उन्हें एक ऐसी प्रजा से डाह दिलाऊँगा जो प्रजा नहीं है, एक मूर्ख जाति से उन्हें क्रोधित करूँगा।
32:22 כִּי־אֵשׁ֙ קָדְחָ֣ה בְאַפִּ֔י וַתִּיקַ֖ד עַד־שְׁא֣וֹל תַּחְתִּ֑ית וַתֹּ֤אכַל אֶ֨רֶץ֙ וִֽיבֻלָ֔הּ וַתְּלַהֵ֖ט מוֹסְדֵ֥י הָרִֽים׃ कि-एश कद्ख वेअपि वतिकद अद-शेओल तख्तित वतोखल एरेत्स विवुलह वतेलहेत मोस्दे हरिम क्योंकि मेरे क्रोध में आग भड़क उठी है, और वह शीओल की गहराइयों तक जलेगी; और वह पृथ्वी और उसकी उपज को भस्म करेगी, और पहाड़ों की नींवों को जला देगी।
32:23 אַסְפֶּ֥ה עָלֵ֖ימוֹ רָע֑וֹת חִצַּ֖י אֲכַלֶּה־בָּֽם׃ अस्पेह अलेमो रओत खित्स अखलेह-बम मैं उन पर विपत्तियाँ इकट्ठी करूँगा; मैं उन पर अपने बाण चलाऊँगा।
32:24 מְזֵ֥י רָעָ֛ב וּלְחֻ֥מֵי רֶ֖שֶׁף וְקֶ֣טֶב מְרִירִ֑י וְשֶׁן־בְּהֵמוֹת֙ אֲשַׁלַּח־בָּ֔ם עִם־חֲמַ֖ת זֹחֲלֵ֥י עָפָֽר׃ मेज़े रअव उलेखुमे रेशेप्ह वेकेतेव मेरिरि वेशेन-बेहेमोत अशलख-बम इम-खमत ज़ोखले अफर भूख से क्षीण, और जलती हुई ज्वर तथा कड़वी महामारी से भस्म; और मैं वन्य पशुओं के दाँत भी उन पर भेजूँगा, धूल में रेंगने वाले सर्पों के विष के साथ।
32:25 מִחוּץ֙ תְּשַׁכֶּל־חֶ֔רֶב וּמֵחֲדָרִ֖ים אֵימָ֑ה גַּם־בָּחוּר֙ גַּם־בְּתוּלָ֔ה יוֹנֵ֖ק עִם־אִ֥ישׁ שֵׂיבָֽה׃ मिखुत्स तेशकेल-खेरेव उमेखदरिम एम गम-बखुर गम-बेतुल ओनेक इम-इश सेवह बाहर तलवार वियोग करेगी, और भीतर भय; युवक और कुमारी दोनों को, दूध पीते बच्चे को श्वेतकेश वृद्ध के साथ।
32:26 אָמַ֖רְתִּי אַפְאֵיהֶ֑ם אַשְׁבִּ֥יתָה מֵאֱנ֖וֹשׁ זִכְרָֽם׃ अमर्ति अफेहेम अश्बित मेएनोश ज़िख्रम मैंने कहा: मैं उन्हें तितर-बितर कर दूँगा, मैं मनुष्यों में से उनकी स्मृति मिटा दूँगा;
32:27 לוּלֵ֗י כַּ֤עַס אוֹיֵב֙ אָג֔וּר פֶּֽן־יְנַכְּר֖וּ צָרֵ֑ימוֹ פֶּן־יֹֽאמְרוּ֙ יָדֵ֣ינוּ רָ֔מָה וְלֹ֥א יְהוָ֖ה פָּעַ֥ל כָּל־זֹֽאת׃ लुले कअस ओएव अगुर पेन-एनकेरु त्सरेमो पेन-ओम्रु अदेनु रमह वेलो अदोन पअल कोल-ज़ोत यदि मुझे शत्रु के अपमान का भय न होता, कि उनके विरोधी भ्रम में न पड़ें, यह कहते हुए: हमारा ही बलवान हाथ है जिसने यह सब किया, न कि सनातन।
32:28 כִּי־ג֛וֹי אֹבַ֥ד עֵצ֖וֹת הֵ֑מָּה וְאֵ֥ין בָּהֶ֖ם תְּבוּנָֽה׃ कि-गो ओवद एत्सोत हेमह वेएन बहेम तेवुन क्योंकि वे एक ऐसी जाति हैं जिनमें सम्मति नहीं है, और उनमें समझ नहीं है।

— अलिया 5 · Devarim 32:29–39 —

#עבריתलिप्यंतरणहिन्दी
32:29 ל֥וּ חָכְמ֖וּ יַשְׂכִּ֣ילוּ זֹ֑את יָבִ֖ינוּ לְאַחֲרִיתָֽם׃ लु खख्मु अस्किलु ज़ोत अविनु लेअखरितम यदि वे बुद्धिमान होते, तो इसे समझते, अपने अंत को जान लेते।
32:30 אֵיכָ֞ה יִרְדֹּ֤ף אֶחָד֙ אֶ֔לֶף וּשְׁנַ֖יִם יָנִ֣יסוּ רְבָבָ֑ה אִם־לֹא֙ כִּי־צוּרָ֣ם מְכָרָ֔ם וַֽיהוָ֖ה הִסְגִּירָֽם׃ एखह इर्दोफ एखद एलेफ उश्नइम अनिसु रेवव इम-लो कि-त्सुरम मेखरम वअदोन हिस्गिरम एक कैसे हज़ार का पीछा कर सकता, और दो दस हज़ार को भगा सकते, यदि उनकी चट्टान ने उन्हें बेच न दिया होता, और सनातन ने उन्हें सौंप न दिया होता?
32:31 כִּ֛י לֹ֥א כְצוּרֵ֖נוּ צוּרָ֑ם וְאֹיְבֵ֖ינוּ פְּלִילִֽים׃ कि लो खेत्सुरेनु त्सुरम वेओवेनु पेलिलिम क्योंकि उनकी चट्टान हमारी चट्टान के समान नहीं है, और हमारे शत्रु स्वयं इसके न्यायी हैं।
32:32 כִּֽי־מִגֶּ֤פֶן סְדֹם֙ גַּפְנָ֔ם וּמִשַּׁדְמֹ֖ת עֲמֹרָ֑ה עֲנָבֵ֨מוֹ֙ עִנְּבֵי־ר֔וֹשׁ אַשְׁכְּלֹ֥ת מְרֹרֹ֖ת לָֽמוֹ׃ कि-मिगेफेन सेदोम गफ्नम उमिशद्मोत अमोर अनवेमो इन्वे-रोश अश्केलोत मेरोरोत लमो क्योंकि उनकी दाखलता सदोम की दाखलता से है, और गमोरा के खेतों से; उनके अंगूर पित्त के अंगूर हैं, उनके गुच्छे कड़वे हैं;
32:33 חֲמַ֥ת תַּנִּינִ֖ם יֵינָ֑ם וְרֹ֥אשׁ פְּתָנִ֖ים אַכְזָֽר׃ खमत तनिनिम एनम वेरोश पेतनिम अख्ज़र उनका दाखमधु सर्पों का विष है, और नागों का क्रूर ज़हर है।
32:34 הֲלֹא־ה֖וּא כָּמֻ֣ס עִמָּדִ֑י חָתֻ֖ם בְּאוֹצְרֹתָֽי׃ हलो-हु कमुस इमदि खतुम बेओत्सेरोत क्या यह मेरे पास सुरक्षित नहीं रखा है, मेरे भंडारों में मुहरबंद?
32:35 לִ֤י נָקָם֙ וְשִׁלֵּ֔ם לְעֵ֖ת תָּמ֣וּט רַגְלָ֑ם כִּ֤י קָרוֹב֙ י֣וֹם אֵידָ֔ם וְחָ֖שׁ עֲתִדֹ֥ת לָֽמוֹ׃ लि नकम वेशिलेम लेएत तमुत रग्लअम कि करोव ओम एदम वेखश अतिदोत लमो प्रतिशोध और प्रतिफल मेरे हैं, उस समय के लिए जब उनका पाँव फिसलेगा; क्योंकि उनकी विपत्ति का दिन निकट है, और जो उनके लिए तैयार है वह शीघ्र आ रहा है।
32:36 כִּֽי־יָדִ֤ין יְהוָה֙ עַמּ֔וֹ וְעַל־עֲבָדָ֖יו יִתְנֶחָ֑ם כִּ֤י יִרְאֶה֙ כִּי־אָ֣זְלַת יָ֔ד וְאֶ֖פֶס עָצ֥וּר וְעָזֽוּב׃ कि-अदिन अदोन अमो वेअल-अवदव इत्नेखम कि इरेह कि-अज़्लत अद वेएफेस अत्सुर वेअज़ुव क्योंकि सनातन अपनी प्रजा का न्याय करेगा, और अपने सेवकों पर दया करेगा, जब वह देखेगा कि उनकी शक्ति जाती रही, और न कोई बंधुआ न कोई स्वतंत्र शेष रहा।
32:37 וְאָמַ֖ר אֵ֣י אֱלֹהֵ֑ימוֹ צ֖וּר חָסָ֥יוּ בֽוֹ׃ वेअमर ए एलोहेमो त्सुर खसउ वो और वह कहेगा: कहाँ हैं उनके देवता, वह चट्टान जिसमें उन्होंने शरण ली थी?
32:38 אֲשֶׁ֨ר חֵ֤לֶב זְבָחֵ֨ימוֹ֙ יֹאכֵ֔לוּ יִשְׁתּ֖וּ יֵ֣ין נְסִיכָ֑ם יָק֨וּמוּ֙ וְיַעְזְרֻכֶ֔ם יְהִ֥י עֲלֵיכֶ֖ם סִתְרָֽה׃ अशेर खेलेव ज़ेवखेमो ओखेलु इश्तु एन नेसिखम अकुमु वेअज़ेरुखेम एहि अलेखेम सित्रह जो उनके बलिदानों की चर्बी खाते थे, उनके पेय-अर्पणों का दाखमधु पीते थे? वे उठें और तुम्हारी सहायता करें, वे तुम्हारे लिए शरणस्थान बनें!
32:39 רְא֣וּ עַתָּ֗ה כִּ֣י אֲנִ֤י אֲנִי֙ ה֔וּא וְאֵ֥ין אֱלֹהִ֖ים עִמָּדִ֑י אֲנִ֧י אָמִ֣ית וַאֲחַיֶּ֗ה מָחַ֨צְתִּי֙ וַאֲנִ֣י אֶרְפָּ֔א וְאֵ֥ין מִיָּדִ֖י מַצִּֽיל׃ रेउ अतह कि अनि अनि हु वेएन एलोहिम इमदि अनि अमित वअखएह मखत्स्ति वअनि एर्प वेएन मिअदि मत्सिल अब देखो कि मैं, मैं ही वह हूँ, और मेरे साथ कोई देवता नहीं है; मैं मारता हूँ और मैं जिलाता हूँ; मैंने घायल किया है, और मैं चंगा करता हूँ; और मेरे हाथ से कोई छुड़ा नहीं सकता।

— अलिया 6 · Devarim 32:40–43 —

#עבריתलिप्यंतरणहिन्दी
32:40 כִּֽי־אֶשָּׂ֥א אֶל־שָׁמַ֖יִם יָדִ֑י וְאָמַ֕רְתִּי חַ֥י אָנֹכִ֖י לְעֹלָֽם׃ कि-एस एल-शमइम अदि वेअमर्ति ख अनोखि लेओलम क्योंकि मैं अपना हाथ आकाश की ओर उठाता हूँ, और कहता हूँ: जैसा मैं सदा जीवित हूँ,
32:41 אִם־שַׁנּוֹתִי֙ בְּרַ֣ק חַרְבִּ֔י וְתֹאחֵ֥ז בְּמִשְׁפָּ֖ט יָדִ֑י אָשִׁ֤יב נָקָם֙ לְצָרָ֔י וְלִמְשַׂנְאַ֖י אֲשַׁלֵּֽם׃ इम-शनोति बेरक खर्बि वेतोखेज़ बेमिश्पत अदि अशिव नकम लेत्सर वेलिम्सन अशलेम यदि मैं अपनी तलवार की चमक तेज़ करूँ, और मेरा हाथ न्याय ग्रहण करे, तो मैं अपने विरोधियों से प्रतिशोध लूँगा, और अपने बैरियों को बदला दूँगा।
32:42 אַשְׁכִּ֤יר חִצַּי֙ מִדָּ֔ם וְחַרְבִּ֖י תֹּאכַ֣ל בָּשָׂ֑ר מִדַּ֤ם חָלָל֙ וְשִׁבְיָ֔ה מֵרֹ֖אשׁ פַּרְע֥וֹת אוֹיֵֽב׃ अश्किर खित्स मिदम वेखर्बि तोखल बसर मिदम खलल वेशिव मेरोश परोत ओएव मैं अपने बाणों को लहू से मतवाला करूँगा, और मेरी तलवार माँस खाएगी, मारे गए और बंदी बनाए गए लोगों के लहू से, शत्रु के प्रधानों के सिरों से।
32:43 הַרְנִ֤ינוּ גוֹיִם֙ עַמּ֔וֹ כִּ֥י דַם־עֲבָדָ֖יו יִקּ֑וֹם וְנָקָם֙ יָשִׁ֣יב לְצָרָ֔יו וְכִפֶּ֥ר אַדְמָת֖וֹ עַמּֽוֹ׃ हर्निनु गोइम अमो कि दम-अवदव इकोम वेनकम अशिव लेत्सरव वेखिपेर अद्मतो अमो हे जातियों, उसकी प्रजा के साथ आनन्द मनाओ, क्योंकि वह अपने सेवकों के लहू का बदला लेगा, और अपने विरोधियों से प्रतिशोध लेगा, और अपनी भूमि और अपनी प्रजा के लिए प्रायश्चित करेगा।

— अलिया 7 · Devarim 32:44–52 —

#עבריתलिप्यंतरणहिन्दी
32:44 וַיָּבֹ֣א מֹשֶׁ֗ה וַיְדַבֵּ֛ר אֶת־כָּל־דִּבְרֵ֥י הַשִּׁירָֽה־הַזֹּ֖את בְּאָזְנֵ֣י הָעָ֑ם ה֖וּא וְהוֹשֵׁ֥עַ בִּן־נֽוּן׃ वअवो मोशेह वएदबेर एत-कोल-दिव्रे हशिरह-हज़ोत बेओज़्ने हअम हु वेहोशेअ बिन-नुन और मूसा आया, और इस गीत के सब वचन प्रजा के कानों में कहे, वह और नून का पुत्र होशेआ।
32:45 וַיְכַ֣ל מֹשֶׁ֗ה לְדַבֵּ֛ר אֶת־כָּל־הַדְּבָרִ֥ים הָאֵ֖לֶּה אֶל־כָּל־יִשְׂרָאֵֽל׃ वएखल मोशेह लेदबेर एत-कोल-हदेवरिम हएलेह एल-कोल-इस्रएल और मूसा ने ये सब वचन सम्पूर्ण इस्राएल से कहना समाप्त किया।
32:46 וַיֹּ֤אמֶר אֲלֵהֶם֙ שִׂ֣ימוּ לְבַבְכֶ֔ם לְכָל־הַדְּבָרִ֔ים אֲשֶׁ֧ר אָנֹכִ֛י מֵעִ֥יד בָּכֶ֖ם הַיּ֑וֹם אֲשֶׁ֤ר תְּצַוֻּם֙ אֶת־בְּנֵיכֶ֔ם לִשְׁמֹ֣ר לַעֲשׂ֔וֹת אֶת־כָּל־דִּבְרֵ֖י הַתּוֹרָ֥ה הַזֹּֽאת׃ वओमेर अलेहेम सिमु लेवव्खेम लेखोल-हदेवरिम अशेर अनोखि मेइद बखेम हओम अशेर तेत्सवुम एत-बेनेखेम लिश्मोर लअसोत एत-कोल-दिव्रे हतोरह हज़ोत और उसने उनसे कहा: अपना मन उन सब वचनों पर लगाओ जिनकी मैं आज तुम्हारे विरुद्ध साक्षी देता हूँ, जिन्हें तुम अपनी संतान को आज्ञा दोगे, कि वे इस तोराह के सब वचनों का पालन करने में सावधान रहें।
32:47 כִּ֠י לֹֽא־דָבָ֨ר רֵ֥ק הוּא֙ מִכֶּ֔ם כִּי־ה֖וּא חַיֵּיכֶ֑ם וּבַדָּבָ֣ר הַזֶּ֗ה תַּאֲרִ֤יכוּ יָמִים֙ עַל־הָ֣אֲדָמָ֔ה אֲשֶׁ֨ר אַתֶּ֜ם עֹבְרִ֧ים אֶת־הַיַּרְדֵּ֛ן שָׁ֖מָּה לְרִשְׁתָּֽהּ׃ कि लो-दवर रेक हु मिकेम कि-हु खएखेम उवदवर हज़ेह तअरिखु अमिम अल-हअदमह अशेर अतेम ओव्रिम एत-हअर्देन शमह लेरिश्तह क्योंकि यह तुम्हारे लिए व्यर्थ बात नहीं, बल्कि यह तुम्हारा जीवन है; और इस वचन के द्वारा तुम उस भूमि पर अपने दिन बढ़ाओगे, जहाँ तुम यरदन पार करके उसे अपने अधिकार में लेने जा रहे हो।
32:48 וַיְדַבֵּ֤ר יְהוָה֙ אֶל־מֹשֶׁ֔ה בְּעֶ֛צֶם הַיּ֥וֹם הַזֶּ֖ה לֵאמֹֽר׃ वएदबेर अदोन एल-मोशेह बेएत्सेम हओम हज़ेह लेमोर और सनातन ने उसी दिन मूसा से कहा:
32:49 עֲלֵ֡ה אֶל־הַר֩ הָעֲבָרִ֨ים הַזֶּ֜ה הַר־נְב֗וֹ אֲשֶׁר֙ בְּאֶ֣רֶץ מוֹאָ֔ב אֲשֶׁ֖ר עַל־פְּנֵ֣י יְרֵח֑וֹ וּרְאֵה֙ אֶת־אֶ֣רֶץ כְּנַ֔עַן אֲשֶׁ֨ר אֲנִ֥י נֹתֵ֛ן לִבְנֵ֥י יִשְׂרָאֵ֖ל לַאֲחֻזָּֽה׃ अलेह एल-हर हअवरिम हज़ेह हर-नेवो अशेर बेएरेत्स मोअव अशेर अल-पेने एरेखो उरेएह एत-एरेत्स केनअन अशेर अनि नोतेन लिव्ने इस्रएल लअखुज़ह इस अबारीम पर्वत पर, नेबो पर्वत पर चढ़, जो मोआब देश में है, यरीहो के सामने; और कनान देश को देख, जिसे मैं इस्राएल की संतान को अधिकार के लिए देता हूँ।
32:50 וּמֻ֗ת בָּהָר֙ אֲשֶׁ֤ר אַתָּה֙ עֹלֶ֣ה שָׁ֔מָּה וְהֵאָסֵ֖ף אֶל־עַמֶּ֑יךָ כַּֽאֲשֶׁר־מֵ֞ת אַהֲרֹ֤ן אָחִ֨יךָ֙ בְּהֹ֣ר הָהָ֔ר וַיֵּאָ֖סֶף אֶל־עַמָּֽיו׃ उमुत बहर अशेर अतह ओलेह शमह वेहेअसेफ एल-अमेख कअशेर-मेत अहरोन अखिख बेहोर हहर वएअसेफ एल-अमव और जिस पर्वत पर तू चढ़ता है उस पर मर जा, और अपनी प्रजा में मिल जा, जैसे तेरा भाई हारून होर पर्वत पर मरा, और अपनी प्रजा में मिल गया।
32:51 עַל֩ אֲשֶׁ֨ר מְעַלְתֶּ֜ם בִּ֗י בְּתוֹךְ֙ בְּנֵ֣י יִשְׂרָאֵ֔ל בְּמֵֽי־מְרִיבַ֥ת קָדֵ֖שׁ מִדְבַּר־צִ֑ן עַ֣ל אֲשֶׁ֤ר לֹֽא־קִדַּשְׁתֶּם֙ אוֹתִ֔י בְּת֖וֹךְ בְּנֵ֥י יִשְׂרָאֵֽל׃ अल अशेर मेअल्तेम बि बेतोख बेने इस्रएल बेमे-मेरिवत कदेश मिद्बर-त्सिन अल अशेर लो-किदश्तेम ओति बेतोख बेने इस्रएल क्योंकि तुमने इस्राएल की संतान के बीच, सीन के जंगल में मरीबा-कादेश के जल के पास, मेरे विरुद्ध अपराध किया; क्योंकि तुमने इस्राएल की संतान के बीच मुझे पवित्र नहीं माना।
32:52 כִּ֥י מִנֶּ֖גֶד תִּרְאֶ֣ה אֶת־הָאָ֑רֶץ וְשָׁ֨מָּה֙ לֹ֣א תָב֔וֹא אֶל־הָאָ֕רֶץ אֲשֶׁר־אֲנִ֥י נֹתֵ֖ן לִבְנֵ֥י יִשְׂרָאֵֽל׃ कि मिनेगेद तिरेह एत-हअरेत्स वेशमह लो तवो एल-हअरेत्स अशेर-अनि नोतेन लिव्ने इस्रएल क्योंकि तू दूर से उस भूमि को देखेगा, परन्तु वहाँ तू नहीं जाएगा, उस भूमि में जो मैं इस्राएल की संतान को देता हूँ।

— मफ़्तीर · Devarim 32:48–52 —

#עבריתलिप्यंतरणहिन्दी
32:48 (मफ़्तीर) וַיְדַבֵּ֤ר יְהוָה֙ אֶל־מֹשֶׁ֔ה בְּעֶ֛צֶם הַיּ֥וֹם הַזֶּ֖ה לֵאמֹֽר׃ वएदबेर अदोन एल-मोशेह बेएत्सेम हओम हज़ेह लेमोर और सनातन ने उसी दिन मूसा से कहा:
32:49 (मफ़्तीर) עֲלֵ֡ה אֶל־הַר֩ הָעֲבָרִ֨ים הַזֶּ֜ה הַר־נְב֗וֹ אֲשֶׁר֙ בְּאֶ֣רֶץ מוֹאָ֔ב אֲשֶׁ֖ר עַל־פְּנֵ֣י יְרֵח֑וֹ וּרְאֵה֙ אֶת־אֶ֣רֶץ כְּנַ֔עַן אֲשֶׁ֨ר אֲנִ֥י נֹתֵ֛ן לִבְנֵ֥י יִשְׂרָאֵ֖ל לַאֲחֻזָּֽה׃ अलेह एल-हर हअवरिम हज़ेह हर-नेवो अशेर बेएरेत्स मोअव अशेर अल-पेने एरेखो उरेएह एत-एरेत्स केनअन अशेर अनि नोतेन लिव्ने इस्रएल लअखुज़ह इस अबारीम पर्वत पर, नेबो पर्वत पर चढ़, जो मोआब देश में है, यरीहो के सामने; और कनान देश को देख, जिसे मैं इस्राएल की संतान को अधिकार के लिए देता हूँ।
32:50 (मफ़्तीर) וּמֻ֗ת בָּהָר֙ אֲשֶׁ֤ר אַתָּה֙ עֹלֶ֣ה שָׁ֔מָּה וְהֵאָסֵ֖ף אֶל־עַמֶּ֑יךָ כַּֽאֲשֶׁר־מֵ֞ת אַהֲרֹ֤ן אָחִ֨יךָ֙ בְּהֹ֣ר הָהָ֔ר וַיֵּאָ֖סֶף אֶל־עַמָּֽיו׃ उमुत बहर अशेर अतह ओलेह शमह वेहेअसेफ एल-अमेख कअशेर-मेत अहरोन अखिख बेहोर हहर वएअसेफ एल-अमव और जिस पर्वत पर तू चढ़ता है उस पर मर जा, और अपनी प्रजा में मिल जा, जैसे तेरा भाई हारून होर पर्वत पर मरा, और अपनी प्रजा में मिल गया।
32:51 (मफ़्तीर) עַל֩ אֲשֶׁ֨ר מְעַלְתֶּ֜ם בִּ֗י בְּתוֹךְ֙ בְּנֵ֣י יִשְׂרָאֵ֔ל בְּמֵֽי־מְרִיבַ֥ת קָדֵ֖שׁ מִדְבַּר־צִ֑ן עַ֣ל אֲשֶׁ֤ר לֹֽא־קִדַּשְׁתֶּם֙ אוֹתִ֔י בְּת֖וֹךְ בְּנֵ֥י יִשְׂרָאֵֽל׃ अल अशेर मेअल्तेम बि बेतोख बेने इस्रएल बेमे-मेरिवत कदेश मिद्बर-त्सिन अल अशेर लो-किदश्तेम ओति बेतोख बेने इस्रएल क्योंकि तुमने इस्राएल की संतान के बीच, सीन के जंगल में मरीबा-कादेश के जल के पास, मेरे विरुद्ध अपराध किया; क्योंकि तुमने इस्राएल की संतान के बीच मुझे पवित्र नहीं माना।
32:52 (मफ़्तीर) כִּ֥י מִנֶּ֖גֶד תִּרְאֶ֣ה אֶת־הָאָ֑רֶץ וְשָׁ֨מָּה֙ לֹ֣א תָב֔וֹא אֶל־הָאָ֕רֶץ אֲשֶׁר־אֲנִ֥י נֹתֵ֖ן לִבְנֵ֥י יִשְׂרָאֵֽל׃ कि मिनेगेद तिरेह एत-हअरेत्स वेशमह लो तवो एल-हअरेत्स अशेर-अनि नोतेन लिव्ने इस्रएल क्योंकि तू दूर से उस भूमि को देखेगा, परन्तु वहाँ तू नहीं जाएगा, उस भूमि में जो मैं इस्राएल की संतान को देता हूँ।

शब्बत शूवा की हफ़्तारा · होशे 14:2–10 + मीका 7:18–20 — "शूवा इस्राएल"

#עבריתट्रांसलिटरेशनहिन्दी
Hos 14:2 שׁ֚וּבָה יִשְׂרָאֵ֔ל עַ֖ד יְהוָ֣ה אֱלֹהֶ֑יךָ כִּ֥י כָשַׁ֖לְתָּ בַּעֲוֺנֶֽךָ׃ शुवह इस्रएल अद अदोन एलोहेख कि खशल्त बअवोनेख हे इस्राएल, अपने परमेश्वर सनातन की ओर लौट आ; क्योंकि तू अपने अधर्म के कारण गिर गया है।
Hos 14:3 קְח֤וּ עִמָּכֶם֙ דְּבָרִ֔ים וְשׁ֖וּבוּ אֶל־יְהוָ֑ה אִמְר֣וּ אֵלָ֗יו כָּל־תִּשָּׂ֤א עָוֺן֙ וְקַח־ט֔וֹב וּֽנְשַׁלְּמָ֥ה פָרִ֖ים שְׂפָתֵֽינוּ׃ क्खु इमखेम देवरिम वेशुवु एल-अदोन इम्रु एलव कोल-तिस अवोन वेकख-तोव उन्शलेम फरिम स्फतेनु अपने साथ वचन लेकर सनातन की ओर लौट आओ; उससे कहो, सारा अधर्म क्षमा कर, और भलाई ग्रहण कर, और हम बछड़ों के बदले अपने होठों की भेंट चढ़ाएँगे।
Hos 14:4 אַשּׁ֣וּר לֹ֣א יוֹשִׁיעֵ֗נוּ עַל־סוּס֙ לֹ֣א נִרְכָּ֔ב וְלֹא־נֹ֥אמַר ע֛וֹד אֱלֹהֵ֖ינוּ לְמַעֲשֵׂ֣ה יָדֵ֑ינוּ אֲשֶׁר־בְּךָ֖ יְרֻחַ֥ם יָתֽוֹם׃ अशुर लो ओशिएनु अल-सुस लो निर्कव वेलो-नोमर ओद एलोहेनु लेमअसे अदेनु अशेर-बेख एरुखम अतोम अश्शूर हमें न बचाएगा, हम घोड़ों पर सवार न होंगे, और अपने हाथों की कारीगरी को फिर 'हमारा परमेश्वर' न कहेंगे; क्योंकि अनाथ तुझी में करुणा पाता है।
Hos 14:5 אֶרְפָּא֙ מְשׁ֣וּבָתָ֔ם אֹהֲבֵ֖ם נְדָבָ֑ה כִּ֛י שָׁ֥ב אַפִּ֖י מִמֶּֽנּוּ׃ एर्प मेशुवतम ओहवेम नेदवह कि शव अपि मिमेनु मैं उनकी भटकन को चंगा करूँगा, मैं उन्हें सहर्ष प्रेम करूँगा; क्योंकि मेरा क्रोध उनसे फिर गया है।
Hos 14:6 אֶהְיֶ֤ה כַטַּל֙ לְיִשְׂרָאֵ֔ל יִפְרַ֖ח כַּשּֽׁוֹשַׁנָּ֑ה וְיַ֥ךְ שָׁרָשָׁ֖יו כַּלְּבָנֽוֹן׃ एहेह कतल लेइस्रएल इफ्रख कशोशनह वेअख शरशव कलेवनोन मैं इस्राएल के लिये ओस के समान होऊँगा; वह सोसन के समान खिलेगा, और लबानोन के समान अपनी जड़ फैलाएगा।
Hos 14:7 יֵֽלְכוּ֙ יֹֽנְקוֹתָ֔יו וִיהִ֥י כַזַּ֖יִת הוֹד֑וֹ וְרֵ֥יחַֽ ל֖וֹ כַּלְּבָנֽוֹן׃ एल्खु ओन्कोतव विहि खज़इत होदो वेरेअख लो कलेवनोन उसकी डालियाँ फैलेंगी, और उसकी शोभा जैतून के वृक्ष के समान, और उसकी सुगन्ध लबानोन के समान होगी।
Hos 14:8 יָשֻׁ֨בוּ֙ יֹשְׁבֵ֣י בְצִלּ֔וֹ יְחַיּ֥וּ דָגָ֖ן וְיִפְרְח֣וּ כַגָּ֑פֶן זִכְר֖וֹ כְּיֵ֥ין לְבָנֽוֹן׃ अशुवु ओश्वे वेत्सिलो एखउ दगन वेइफ्र्खु कगफेन ज़िख्रो केएन लेवनोन उसकी छाया में रहनेवाले लौट आएँगे; वे अन्न के समान जीवित होंगे, और दाखलता के समान फूलेंगे; उसकी कीर्ति लबानोन के दाखमधु के समान होगी।
Hos 14:9 אֶפְרַ֕יִם מַה־לִּ֥י ע֖וֹד לָֽעֲצַבִּ֑ים אֲנִ֧י עָנִ֣יתִי וַאֲשׁוּרֶ֗נּוּ אֲנִי֙ כִּבְר֣וֹשׁ רַֽעֲנָ֔ן מִמֶּ֖נִּי פֶּרְיְךָ֥ נִמְצָֽא׃ एफ्रइम मह-लि ओद लअत्सबिम अनि अनिति वअशुरेनु अनि किव्रोश रअनन मिमेनि पेरेख निम्त्स एप्रैम कहेगा, मूरतों से अब मुझे क्या काम? मैंने उसकी सुनी है और उस पर दृष्टि रखूँगा; मैं हरे सनोवर वृक्ष के समान हूँ; तेरा फल मुझी में से मिलता है।
Hos 14:10 מִ֤י חָכָם֙ וְיָ֣בֵֽן אֵ֔לֶּה נָב֖וֹן וְיֵֽדָעֵ֑ם כִּֽי־יְשָׁרִ֞ים דַּרְכֵ֣י יְהוָ֗ה וְצַדִּקִים֙ יֵ֣לְכוּ בָ֔ם וּפֹשְׁעִ֖ים יִכָּ֥שְׁלוּ בָֽם׃ मि खखम वेअवेन एलेह नवोन वेएदएम कि-एशरिम दर्खे अदोन वेत्सदिकिम एल्खु वम उफोशिम इकश्लु वम जो बुद्धिमान हो, वह इन बातों को समझे; जो समझदार हो, वह इन्हें जाने; क्योंकि सनातन के मार्ग सीधे हैं, और धर्मी उन में चलेंगे, परन्तु अपराधी उन में ठोकर खाएँगे।
Mic 7:18 מִי־אֵ֣ל כָּמ֗וֹךָ נֹשֵׂ֤א עָוֺן֙ וְעֹבֵ֣ר עַל־פֶּ֔שַׁע לִשְׁאֵרִ֖ית נַחֲלָת֑וֹ לֹא־הֶחֱזִ֤יק לָעַד֙ אַפּ֔וֹ כִּֽי־חָפֵ֥ץ חֶ֖סֶד הֽוּא׃ मि-एल कमोख नोसे अवोन वेओवेर अल-पेश लिशेरित नखलतो लो-हेखेज़िक लअद अपो कि-खफेत्स खेसेद हु तेरे समान परमेश्वर कौन है, जो अधर्म को क्षमा करता और अपने निज भाग के बचे हुओं के अपराध को अनदेखा करता है? वह सर्वदा अपना क्रोध बनाए नहीं रखता, क्योंकि वह करुणा से प्रसन्न होता है।
Mic 7:19 יָשׁ֣וּב יְרַֽחֲמֵ֔נוּ יִכְבֹּ֖שׁ עֲוֺֽנֹתֵ֑ינוּ וְתַשְׁלִ֛יךְ בִּמְצֻל֥וֹת יָ֖ם כָּל־חַטֹּאותָֽם׃ अशुव एरखमेनु इख्बोश अवोनोतेनु वेतश्लिख बिम्त्सुलोत अम कोल-खतोतम वह फिर हम पर दया करेगा, वह हमारे अधर्म के कामों को दबा देगा; और तू हमारे सब पापों को समुद्र की गहराई में डाल देगा।
Mic 7:20 תִּתֵּ֤ן אֱמֶת֙ לְיַֽעֲקֹ֔ב חֶ֖סֶד לְאַבְרָהָ֑ם אֲשֶׁר־נִשְׁבַּ֥עְתָּ לַאֲבֹתֵ֖ינוּ מִ֥ימֵי קֶֽדֶם׃ तितेन एमेत लेअअकोव खेसेद लेअव्रहम अशेर-निश्बत लअवोतेनु मिमे केदेम तू याकूब को सच्चाई, और अब्राहम को करुणा दिखाएगा, जैसा तूने प्राचीनकाल से हमारे पुरखाओं से शपथ खाई थी।

पाठ से पहले

בָּרְכוּ אֶת ה' הַמְבֹרָךְ׃ בָּרוּךְ ה' הַמְבֹרָךְ לְעוֹלָם וָעֶד׃ בָּרוּךְ אַתָּה ה' אֱלֹהֵינוּ מֶלֶךְ הָעוֹלָם, אֲשֶׁר בָּחַר בָּנוּ מִכָּל הָעַמִּים וְנָתַן לָנוּ אֶת תּוֹרָתוֹ. בָּרוּךְ אַתָּה ה', נוֹתֵן הַתּוֹרָה׃

बरेखु एत अदोन हमेवोरख्बरुख अदोन हमेवोरख लेओलम वएद्बरुख अत अदोन एलोहेनु मेलेख हओलम अशेर बखर बनु मिकोल हअमिम वेनतन लनु एत तोरतो बरुख अत अदोन नोतेन हतोर

सनातन को धन्य कहो, जो धन्य है। सनातन धन्य है, वह धन्य है, युगानुयुग सर्वदा। धन्य हो तुम, सनातन, हमारे परमेश्वर, विश्व के राजा, जिसने हमें सब जातियों में से चुना और हमें अपनी तोराह दी। धन्य हो तुम, सनातन, तोराह देनेवाले।

पाठ के बाद

בָּרוּךְ אַתָּה ה' אֱלֹהֵינוּ מֶלֶךְ הָעוֹלָם, אֲשֶׁר נָתַן לָנוּ תּוֹרַת אֱמֶת, וְחַיֵּי עוֹלָם נָטַע בְּתוֹכֵנוּ. בָּרוּךְ אַתָּה ה', נוֹתֵן הַתּוֹרָה׃

बरुख अत अदोन एलोहेनु मेलेख हओलम अशेर नतन लनु तोरत एमेत वेखए ओलम नत बेतोखेनु बरुख अत अदोन नोतेन हतोर

धन्य हो तुम, सनातन, हमारे परमेश्वर, विश्व के राजा, जिसने हमें सत्य की तोराह दी, और हमारे बीच अनन्त जीवन का पौधा लगाया। धन्य हो तुम, सनातन, तोराह देनेवाले।